दिल्ली भारतवर्ष कि राजधानी है, जा़मा मस्जि़द, संसद भवन, इंडिया गेट, बिरला मन्दिर ये सभी विश्व प्रसिध्द प्राचीन इमारते भारत कि राजधानी दिल्ली में ही है, आप सभी इन शब्दो को पढकर बीना किसी झिझक के मुझसे सहमत होंगे और अभी तक तो आप सभी की अपनी अपनी ली गई फोटो इन इमारतो के साथ कि आपके आंखो मे जलतरंग बनकर भीखर रही होंगी।
लेकिन अगर मै आप से कहु कि दिल्ली 001 के मन्डी हाउस इलाके मे कोपरनिकस मार्ग पर, लिट्ल थियेटर आडिटोरियम के ठीक सामने ही, जहाँ हरि-लाल बत्ति, सरकारी कर्मचारियो, कलकारो, और पत्रकारो का आना जाना लगा रहता है, ऐसे हाई टेक ईलाके मे नई दिल्ली नगरपालिका परिषद् (NDMC) के एक जनसुविधा शौचालय पर ताला जडा है, तो शायद आपको विश्वाश करने मे थोडी सी दिक्कत हो सकती है, लेकिन हाँ यह सच है सबुत के साथ। एक तरफ जहाँ देश के प्रधानमंत्री शौचालय को गांव-गांव, घर-घर पहुँचाने कि बात करते है तो वही ये तस्वीर नई दिल्ली नगर निगम द्वारा शौचालय को बंद करना आम लोगो के लिए हज़म नही होती है. जिस शौचालय के सामने पंजाब भवन हो, परसार भारती का दफ्तर हो, और साथ मे कलाकारो का मंच हो और वहाँ एसी बहुत बडी बिड्म्बना घटित हो रही होगी ऐसा शायद ही लोगो ने सोचा होगा, जाहिर सी बात है नही तो अब तक वहाँँ ताला नही होता बल्कि पुरुषो, महिलाओ और दिव्यांगजनो का आना जाना होता.
मैं उन सभी सरकारी बाबूओ, वकिलो, पत्रकारो, कलाकारो से सिर्फ इतना ही कहुंगा कि "अरे ओ सिर्फ आपना सुख देखने वालो जारा उसी सडक किनारे खडे-बैठे आपके दिये हुये सिक्को पर अपने जीवन का रथ चलाने वाले उन लोगे के लिए भी कुछ काम किया जाये"।
इससे आम लोगो को परेशानी का सामन करना पड रहा हैं। मेरा बहुत ही साफ शब्दो मे नई दिल्ली नगरपालिका परिषद् (NDMC) के कर्मचारियो से निवेदन है कि जनशुविधा जो कि जन के लिए है वापिस से उसको जनता के लिए खोला जाये.
साथ मे कुछ तस्वीरे सबूत के तौर पर.
धन्यवाद



कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें